पथ के साथी

Friday, August 28, 2026

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तो मिले उपहार 

-डॉ. जेन्नी शबनम  


1.
राखी- त्योहार
भाई है शर्मसार
जेब है ख़ाली

कैसे ले उपहार
मँहगाई की मार।

2.

राखी है आई 

भाई है परदेस 

बहना दुःखी  

वीडियो-कॉल आया 

बहन मुस्कुराई। 

3.

स्नेह का धागा 

जोड़े रखता नाता 

भाई-बहन 

भले हों दूर-दूर 

पर प्रेम अटूट। 

4.

नन्ही बहना 

पहनके गहना 

चहक रही 

राखी पर भइया 

लाया प्यारा तोहफ़ा। 

5.

राखी त्योहार 

क्यों आता एक बार

बहना सोचे

हो हर इतवार   

तो मिले उपहार।

-0-

3 comments:

  1. बहुत बढ़िया अभिव्यक्ति है डॉ वंदना शर्मा

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  2. भावपूर्ण अभिव्यक्ति के लिए डाॅ.जेन्नी शबनम जी को आत्मीय बधाई।
    विभा रश्मि (हैदराबाद )

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  3. पयारी पंक्तियां - रीता प्रसाद

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